Rahul Devashish
Rahul DevashishCourseLiteraturePoetry
8 Jan 2023·1 min read·

श्रीमदभागवतम 1.1.5: सूत गोस्वामी का परिचय

स्कंध-1,अध्याय-1, श्लोक-5: सूत गोस्वामी का परिचय ------------------------------- त एकदा तु मुनय: प्रातर्हुतहुताग्नय: । सत्कृतं सूतमासीनं पप्रच्छुरिदमादरात् ॥ ५ ॥ ------------------------------- सूत गोस्वामी श्रीमदभागवतम के मुख्य कथाकार है। सूत जी गुरु-शिष्य परंपरा में आने वाले अधिकारी है। सूत जी ने श्रीमदभागवतम की कथा अपने गुरु शुकदेव गोस्वामी से सुना है। श्रीमदभागवतम के पहले कॉन्फ्रेंस मे, जिसे शुकदेव गोस्वामी ने संबोधित किया था, उपस्थित थे।

सूत गोस्वामी के गुरु शुकदेव गोस्वामी है। शुकदेव गोस्वामी अपने पिता एवं गुरु श्रील व्यासदेव से भागवतम सीखे है । श्रील व्यासदेव ने महर्षि नारद से और महर्षि नारद ने ब्रह्मा से, और ब्रह्मा जी ने स्वयं कृष्ण से भागवतम सीखा है।

इस प्रकार गुरु-शिष्य परंपरा से भागवत कथा नैमिषारण्य में शौनक, आदि ऋषियों के समक्ष सूत गोस्वामी द्वारा कही जा रही है ।

हरे कृष्ण !